रांची: पिछले दिनों राजा कुमार वर्मा की वियतनाम में मौत हो गई थी। सड़क हादसे में वे घायल हो गए थे। इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई थी। उनके परिजनों के द्वारा सरकार से शव लाने की गुहार लगाई गई। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने पहल की। भारत सरकार से अनुरोध किया गया। शव आ गया। अंतिम संस्कार भी हो गया। परिजनों की पीड़ा को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने समझा।
मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन के निर्देश पर वियतनाम में सड़क दुर्घटना में मृत रांची के कैलास नगर निवासी स्व. राजा कुमार वर्मा के आश्रितों को ‘मुख्यमंत्री झारखण्ड अंतरराष्ट्रीय प्रवासी श्रमिक अनुदान योजना के अंतर्गत 5 लाख की सहायता राशि प्रदान की गई। यह सहायता राशि श्रम मंत्री एवं राज्यसभा सांसद द्वारा दिवंगत के परिजनों को सौंपी गई।
मालूम हो कि स्व. राजा कुमार वर्मा वियतनाम में योग प्रशिक्षक के रूप में कार्यरत थे, जहाँ एक सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल होने के उपरांत इलाज के दौरान उनका निधन हो गया था। परिजनों द्वारा पार्थिव शरीर को स्वदेश लाने हेतु राज्य सरकार से गुहार लगाई गई थी।
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए मुख्यमंत्री के आदेश पर राज्य प्रवासी नियंत्रण कक्ष ने त्वरित कार्रवाई की। विदेश मंत्रालय, भारत सरकार तथा हनोई (वियतनाम) स्थित भारतीय दूतावास से निरंतर समन्वय स्थापित कर आवश्यक प्रक्रियाएं पूरी कराई गईं। तत्पश्चात पार्थिव शरीर को हनोई से कोलकाता हवाई अड्डे लाया गया।कोलकाता हवाई अड्डे से पार्थिव शरीर को रांची स्थित उनके पैतृक आवास तक सकुशल एवं सम्मानपूर्वक पहुँचाने के लिए रांची जिला प्रशासन द्वारा नि:शुल्क एम्बुलेंस की व्यवस्था की गई थी। तत्पचात 05 अक्टूबर को शव रांची लाया गया था। परिजनों ने सरकार का आभार जताया है।














