रांची – झारखंड कैश कांड की वजह से एक बार फिर राष्ट्रीय स्तर पर सुर्खियों में है. राज्य सरकार की ग्रामीण विकास मंत्री निजी सहायक के नौकर के फ्लैट से मिले कैश और सरकारी दस्तावेज की जांच जरूरी है.बाबूलाल मरांडी ने पत्र लिखकर मुख्यमंत्री चंपई सोरेन को इस पूरे मामले की सीबीआई जांच करने की अनुशंसा की मांग की है.
उन्होंने कहा कि जिस प्रकार से मुख्य सचिव के द्वारा ग्रामीण सचिव को ईडी के पत्र के आधार पर कार्रवाई करने के लिए जो पत्र लिखा गया था,वह कैश के साथ मिला है.यह एक गंभीर मामला है.उन्होंने कहा कि अगर इसकी जांच नहीं होती है तो यह माना जाएगा की सरकार के स्तर से इसे संरक्षण मिल रहा है. मालूम हो कि ग्रामीण विकास मंत्री आलमगीर आलम के आपदा सचिव संजीव लाल और उनके नौकर जहांगीर आलम को ईडी ने गिरफ्तार किया है.जहांगीर आलम के फ्लैट से लगभग 32 करोड रुपए कैश मिले हैं.सोमवार को प्रवर्तन निदेशालय यानी ईडी ने संजीव लाल, जहांगीर आलम समेत 9 ठिकानों पर छापेमारी की थी.











