नई दिल्ली: भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदीके सार्वजनिक जीवन के 25 साल पूरे हो गए हैं। आज ही के दिन उनका यह सफर शुरू हुआ था। साल 2001 में उन्होंने गुजरात के मुख्यमंत्री पद को संभाला था। तब से लेकर आज तक वे संवैधानिक पद पर बने हुए हैं। सात अक्टूबर को वे मुख्यमंत्री बने थे। उस समय गुजरात के हालात अच्छे नहीं थे। नरेंद्र मोदी को उस गुजरात को संभालने का जिम्मा मिला जो भूकंप का दर्द झेल रहा था। 
नरेंद्र मोदी का राजनीतिक सफर पहले ही शुरू हो चुका था।संगठन में उन्होंने कई महत्वपूर्ण काम किया। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के कार्यकर्ता के रूप में उन्होंने देश के कई क्षेत्र का भ्रमण किया। प्रचारक भी रहे।संगठन से लेकर सरकार तक का उनका सफर काफी रचनात्मक रहा। गुजरात के अलावा मध्य भारत के क्षेत्र में उनका प्रवास लगातार होता रहा।
गुजरात को उद्योग का हब बनाने में नरेंद्र मोदी की भूमिका महत्वपूर्ण रही। वाइब्रेंट गुजरात का आयोजन वाकई गुजरात को एक जान और पहचान दे गया। गुजरात में भूकंप की विभीषिका ने आधारभूत संरचना के विकास के रोडमैप को इस तरह तैयार कराया कि कालांतर में यह विकास का एक मॉडल बन गया। पूरे देश में गुजरात मॉडल की चर्चा हुई। यह एक आकर्षक मॉडल बना। पार्टी के नेता के रूप में गुजरात में कांग्रेस को सत्ता से बाहर कर भाजपा की सरकार बनाने में उनकी बड़ी भूमिका थी।1995 के चुनाव में नरेंद्र मोदी की संगठनात्मक रणनीति ने भाजपा को गुजरात में सत्तासीन कराया।
2011 से 2014 तक गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में उनके काम को राष्ट्रीय पहचान दिलाई। साल 2002 में गोधरा कांड से थोड़ा विवाद उत्पन्न हुआ। राजनीतिक और कानूनी चर्चा हुई। लेकिन मोदी को उनके काम और विजन ने राष्ट्रीय पहचान ही नहीं बल्कि एक राजनीतिक स्वीकार्यता दिला दी। भाजपा ने 2013 में मोदी को 2014 के लोकसभा चुनाव में प्रधानमंत्री पद का प्रत्याशी बनाया। उसके बाद से भाजपा के अच्छे दिन आ गए। NDA के कुछ पार्टनर नाराज़ हुए। पर, सब अच्छा ही चलता रहा।
नरेंद्र मोदी तीसरी बार प्रधानमंत्री बने।NDA को साथ लेकर चलने में सफलता पाई। देश में आज भाजपा या NDA के पार्टनर के नेतृत्व में अधिकांश भागों पर शासन है। उनकी कई योजनाओं की चर्चा होती है।जन धन खाता, उज्ज्वला योजना, मुद्रा योजना, आयुष्मान योजना की चर्चा होती है। मेक इन इंडिया, डिजिटल इंडिया , आत्मनिर्भर भारत, वोकल फॉर लोकल जैसे विचार और कार्यक्रम ने देश को आज मजबूत अर्थव्यवस्था वाला देश बनाया। भारत आज एक शक्ति के रूप में दृश्यमान है तो यह मोदी की सोच का प्रतिफल है। वैसे राजनीतिक मैदान में विपक्ष नरेंद्र मोदी सरकार को घेरता रहता है।आज नरेंद्र के सार्वजनिक जीवन के 25 साल पूरे हुए हैं। एक शक्तिशाली राष्ट्र के रूप भारत की छवि बनी है। देश ने हर क्षेत्र में विकास किया है। कोरोना महामारी में देश को संतुलित और अर्थव्यवस्था को स्टेबल रखने में सफलता पाई। नोटबंदी जैसे निर्णय लिया गया। डिजिटल इंडिया को लेकर बड़े – बड़े काम हुए। पश्चिम एशिया जंग में भी भारत अपना संतुलन बनाए रखा। विश्व स्तर पर भारत की बड़ी पहचान बनी। देश में नक्सली समस्या का खत्मा हुआ है।क्षेत्र में भारत आज बड़ा खेल दिखा रहा है। चैंपियनशिप का खिताब लगातार मिल रहा है। यह सफर आगे भी जारी रहेगा।














